Clean Environment Essay in Hindi

Clean Environment Essay in Hindi
 

Clean Environment Essay in Hindi | स्वच्छ पर्यावरण पर निबंध

    आपके जीवन में पर्यावरण का महत्व क्या है? इससे तो आप अच्छी तरह से वाकिफ होंगे ही। अक्सर छात्रों से स्वच्छ पर्यावरण से संबंधित निबंध पूछा जाता है इसीलिए आज के इस आर्टिकल में हम आपको Clean Environment यानी कि स्वच्छ पर्यावरण पर निबंध बताएंगे।

    भूमिका

    प्रकृति ने मनुष्य को जीवन जीने के लिए स्वच्छ पर्यावरण दिया। पर्यावरण के बिना शायद मनुष्य का अस्तित्व ही नहीं है क्योंकि पर्यावरण जलवायु में संतुलन बनाने का काम करता है और यह मनुष्य के जीवन जीने के लिए सभी आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध कराता है।

    स्वच्छ पर्यावरण से क्या तात्पर्य है?

    स्वच्छ पर्यावरण का अर्थ समझने से पहले यह समझना जरूरी है कि आखिर पर्यावरण क्या होता है? पर्यावरण हमारे आसपास का वह आवरण जहां पर हम लोग निवास करते हैं। इस तरह हम कह सकते हैं कि पर्यावरण दो शब्दों के मेल से बना है। यह दो शब्द है परि और आवरण।

    परि यानी कि चारो ओर व आवरण मतलब हमारे आसपास का वातावरण जो हमें चारों तरफ से घेरे हुए हैं। पर्यावरण के घटक हैं हवा, पानी, मिट्टी, पेड़-पौधे आदि। यह सभी चीजें हमारे जीवन के लिए जरूरी होते हैं। वही स्वच्छ पर्यावरण से तात्पर्य है साफ पर्यावरण। यानी कि ऐसा पर्यावरण जो कि प्रदूषण व हानिकारक गैसों से मुक्त हो।

    पर्यावरण संरक्षण का क्या अर्थ है?

    पर्यावरण संरक्षण यानी कि पर्यावरण को सुरक्षा प्रदान करना। जैसा कि आप जानते हैं आज पर्यावरण दूषित पर्यावरण में परिवर्तित होता जा रहा है। पर्यावरण में प्रदूषण की वजह से कई हानिकारक गैसें वातावरण में फैल चुकी है जो कि हमारे लिए काफी ज्यादा हानिकारक मानी जाती है। वही ग्लोबल वॉर्मिंग, जंगलों की कटाई की वजह से भी पर्यावरण की स्थिति चिंताजनक हो चुकी है। पर्यावरण का संरक्षण मानव, जीव-जंतु सभी के लिए आवश्यक है अगर पर्यावरण ही स्वच्छ नहीं रहेगा तो इस धरती पर जीवन की कल्पना भी नहीं की जा सकती इसीलिए हमें पर्यावरण संरक्षण को लेकर महत्वपूर्ण कदम उठाने चाहिए।

    इसके लिए हम प्रदूषण को कम करना, पेड़-पौधों को लगाना जैसे कई महत्वपूर्ण कार्य कर सकते हैं। पर्यावरण को स्वच्छ करना हमारे लिए बेहद जरूरी है क्योंकि पृथ्वी में जीवन जीने वाले प्रत्येक जीव और मनुष्य पूरी तरह से पर्यावरण पर निर्भर है, जैसा कि आप जानते हैं पर्यावरण मनुष्य की जरूरी आवश्यकता है। वहीं हवा, पानी और प्राकृतिक संसाधन हमें पर्यावरण से ही प्राप्त होती है। वही मनुष्यों को भोजन, दूध, अंडे, सब्जियां भी पर्यावरण की देन है। जीव जंतु भी पर्यावरण पर पूरी तरह से निर्भर हैं क्योंकि उन्हें पेड़-पौधे भी पर्यावरण से ही हासिल होते हैं।

    पर्यावरण प्रदूषण कितने प्रकार का होता है?

    औद्योगीकरण की वजह से आज हमारा पर्यावरण, प्रदूषण की चपेट में आकर दूषित हो चुका है। यह प्रदूषण कई प्रकार के होते हैं, आइए जानते हैं:-

    1. वायु प्रदूषण

    Air Pollution


    वाहन से निकलने वाले प्रदूषक तत्व हवा में मिल जाते हैं और यह हवा को प्रदूषित कर देते हैं। यह सभी प्रदूषक तत्व कारखानों के धुंए, वाहनों के हानिकारक गैसों के रूप में बाहर आते हैं जो कि मनुष्य के स्वास्थ्य के लिए काफी खतरनाक होते हैं।

    2. जल प्रदूषण

    Water Pollution


    उद्योग धंधे से निकलने वाला रासायनिक पदार्थ नदियों में बहा दिया जाता है। इसके साथ ही नदियों का इस्तेमाल कई तरह के क्रियाकलापों के लिए किया जाता है जिससे नदियां प्रदूषित होती रहती हैं। यही नदिया जब समुद्र में जाकर मिलती है तो यह समुद्र को भी प्रदूषित करती है। इन सभी नदियों से ही हम पीने का पानी हासिल करते हैं तथा इसमें प्रदूषक तत्व घुल जाने से यह हमारे स्वास्थ्य के अंदर चले जाते हैं और गंभीर बीमारियां पैदा करते हैं।

    3. मृदा प्रदूषण

    Soil Pollution


    हवा और पानी की तरह मिट्टी को भी प्रदूषण झेलना पड़ता है। यह प्रदूषण मिट्टी में प्रदूषक तत्वों के मिलने जैसे की खेती में रासायनिक पदार्थों का उपयोग करने की वजह से होता है। यह मिट्टी की उर्वरक क्षमता को नष्ट कर देता है जिससे कि यह नए पौधों को जीवन नहीं दे पाते।

    4. ध्वनि प्रदूषण

    Sound Pollution


    इन सभी प्रदूषणों के द्वारा ही ध्वनि प्रदूषण भी मनुष्य के लिए हानिकारक है। उद्योग-धंधों, कारखानों, वाहनों से निकलने वाली आवाज ध्वनि प्रदूषण के लिए जिम्मेदार होती है। यह इंसानों के कानों को हानि पहुंचाने उनमें तनाव और बहरेपन की समस्या उत्पन्न करती है।

    पर्यावरण संरक्षण के क्या उपाय हैं?

    1. हमें ज्यादा से ज्यादा पेड़-पौधे उगाने चाहिए क्योंकि पेड़-पौधों में प्रदूषण को रोकने की क्षमता होती है। वही पेड़-पौधों के जरिए हमें स्वच्छ हवा और ऑक्सीजन हासिल होता है।

    2. वृक्षों की जारी अंधाधुन कटाई पर हमें पाबंदी लगानी चाहिए।

    3. नदियों में दूषित और हानिकारक रसायनों को प्रभावित करने पर कड़े दंड का प्रावधान किया जाना चाहिए।

    4. लोगों के बीच पर्यावरण को लेकर जागरूकता का प्रचार-प्रसार करना चाहिए।

    5. CNG वाहनों का इस्तेमाल ज्यादा से ज्यादा करना चाहिए जिससे कि प्रदूषण कम किया जा सके।

    स्वच्छ पर्यावरण का क्या महत्व है?

    वर्तमान समय में पूरा विश्व ग्लोबल वार्मिंग व प्रदूषण की समस्या को झेल रहा है जिस वजह से कई तरह की बीमारियां आज मनुष्य को घेर रही है। ऐसे में जीवन को सुचारू रूप से जीने के लिए पर्यावरण का स्वस्थ होना जरूरी है। जैसा कि आप जानते हैं वृक्षों की अंधाधुंध कटाई वाहनों से निकलने वाले धुएं जैसे कई कारकों की वजह से पर्यावरण धीरे-धीरे नष्ट हो रहा है और इसका प्रभाव मनुष्य, जानवर, पेड़-पौधों सबको झेलना पड़ रहा है।
    एक समय था जब खेती भी प्राकृतिक तरीकों से की जाती थी। लेकिन आज खेत में भी हानिकारक रसायनों का इस्तेमाल बढ़ता जा रहा है जिससे मिट्टी की उर्वरता धीरे-धीरे नष्ट हो रही है। यह रसायन आहार के साथ मनुष्य के शरीर में पहुंच रहा है ना यह सिर्फ पर्यावरण को नुकसान पहुंचा रहा हैं बल्कि मनुष्य के जीवन को भी खतरे में डाल रहा है।

    विश्व पर्यावरण दिवस

    लोगों तक पर्यावरण को लेकर जागरूकता पहुंचाने तथा उन्हें पर्यावरण के महत्व को बताने के लिए हर साल 5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस के रूप में मनाया जाता है। यह दिन लोगों को पर्यावरण के महत्व को याद दिलाने के लिए मनाया जाता है। पर्यावरण दिवस मनाने की शुरुआत 1972 में ही हो गई थी जब संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 5 जून से 16 जून तक विश्व पर्यावरण सम्मेलन का आयोजन किया था और तब जाकर 5 जून 1973 में सबसे पहले पर्यावरण दिवस मनाया गया। तब से लेकर आज तक यह मनाया जा रहा है। पर्यावरण दिवस के मौके पर जगह-जगह पर ऐसे कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है जो लोगों को जागरूक कर सके।

    पर्यावरण दिवस पर क्या किया जाता है?

    विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर पहला काम होता है, जागरूकता फैलाना। इसके लिए लोग अन्य लोगों तक पर्यावरण की समस्या से निपटने के लिए जागरूकता फैलाते हैं। पर्यावरण दिवस के मौके पर आप अपने आसपास पेड़ पौधे लगा सकते हैं। इसके अलावा इस दिन स्कूल और कॉलेज में कई तरह की प्रतियोगिताएं आयोजित की जाती है जैसे कि पर्यावरण से संबंधित पोस्टर बनाना, निबंध लिखना आदि आदि।

    उपसंहार

    हमें उम्मीद है कि आपको स्वच्छ पर्यावरण पर हमारा यह आर्टिकल पसंद आया होगा। इस आर्टिकल को पढ़ने के बाद आप पर्यावरण के महत्व को अच्छे से समझ गए होंगे। पर्यावरण सभी जीव-जंतुओं के लिए आवश्यक है तो क्यों ना इस पर्यावरण को स्वच्छ करने में हम में से प्रत्येक व्यक्ति अपना योगदान दें जिससे कि पर्यावरण को फिर से स्वच्छ बनाया जा सके।

    एक टिप्पणी भेजें

    1 टिप्पणियाँ

    Please do not enter any spam link in the comment box.